अर्थव्यवस्था
पीएम-किसान की 24वीं किस्त: 9.34 करोड़ किसानों को ₹18,690 करोड़ से अधिक का हस्तांतरण
ताजा डीबीटी के साथ पीएम-किसान का संचयी वितरण ₹4.64 लाख करोड़ से अधिक हुआ; पात्र किसान परिवारों को सालाना ₹6,000 तीन किस्तों में मिलते हैं।
THE INDIQA Research Desk
प्रकाशित: 30 अक्टू॰ 2026
अपडेट: 31 अक्टू॰ 2026
2 मिनट का पाठ
पीएम-किसान की 24वीं किस्त के तहत 9.34 करोड़ से अधिक पात्र किसान परिवारों को ₹18,690 करोड़ से अधिक की राशि सीधे हस्तांतरित की गई। इस भुगतान के साथ योजना के तहत संचयी अंतरण ₹4.64 लाख करोड़ से अधिक हो गया है। पीएम-किसान पात्र किसान परिवारों को प्रत्यक्ष लाभ अंतरण के माध्यम से सालाना ₹6,000 तीन किस्तों में देता है।
यह योजना DBT की प्रशासनिक क्षमता दिखाती है: राष्ट्रीय स्तर पर मानकीकृत लाभ सत्यापित लाभार्थी खातों में सीधे पहुंचाया जा सकता है और भुगतान की मध्यस्थ परतें घटती हैं। लेकिन आय सहायता अकेले फसल-मूल्य अस्थिरता, सिंचाई की कमी, छोटे जोत आकार, इनपुट लागत या जलवायु जोखिम का समाधान नहीं कर सकती।
सिविल सेवा के लिए पीएम-किसान को फसल बीमा और सरकारी खरीद से अलग समझना चाहिए। यह आय-सहायता साधन है। इसलिए इसका मूल्यांकन लाभार्थी पहचान, भूमि अभिलेखों की गुणवत्ता, बहिष्करण जोखिम, राजकोषीय लागत और कृषि उत्पादकता व जोखिम प्रबंधन की व्यापक नीतियों के साथ किया जाना चाहिए।
सिविल सेवा अध्ययन दृष्टि
इस मुद्दे को परीक्षा की दृष्टि से समझें
सामान्य अध्ययन III
कृषि सहायता, किसान आय और प्रत्यक्ष लाभ अंतरण
प्रारंभिक परीक्षा: High
मुख्य परीक्षा: High
Moderate
संक्षिप्त सार
ताजा डीबीटी के साथ पीएम-किसान का संचयी वितरण ₹4.64 लाख करोड़ से अधिक हुआ; पात्र किसान परिवारों को सालाना ₹6,000 तीन किस्तों में मिलते हैं।
खबर में क्यों
ताजा डीबीटी के साथ पीएम-किसान का संचयी वितरण ₹4.64 लाख करोड़ से अधिक हुआ; पात्र किसान परिवारों को सालाना ₹6,000 तीन किस्तों में मिलते हैं।
प्रारंभिक परीक्षा के मुख्य तथ्य
- 24वीं किस्त में 9.34 करोड़ से अधिक पात्र किसानों को ₹18,690 करोड़ से अधिक दिए गए।
पृष्ठभूमि और अवधारणाएं
Verified for the 30 October 2026 edition.
मुख्य परीक्षा के आयाम, चुनौतियां और नीतिगत पक्ष
- क्रियान्वयन और संस्थागत क्षमता
- साक्ष्य, समानता और नीतिगत संतुलन
भारत के लिए महत्व
भारत और सिविल सेवा पाठ्यक्रम से संबंधित।
ध्यान रखने योग्य बात
पीएम-किसान आय सहायता है, फसल बीमा या खरीद योजना नहीं।
संभावित अभ्यास प्रश्न
कृषि कल्याण के साधन के रूप में प्रत्यक्ष आय सहायता की शक्तियों और सीमाओं का आकलन कीजिए।
त्वरित पुनरावृत्ति
- ताजा डीबीटी के साथ पीएम-किसान का संचयी वितरण ₹4.64 लाख करोड़ से अधिक हुआ; पात्र किसान परिवारों को सालाना ₹6,000 तीन किस्तों में मिलते हैं।
पाठक संवाद और संपादकीय समीक्षा
इस लेख पर अपनी बात रखें
अपनी टिप्पणी लिखें, तथ्य या संपादकीय समस्या बताएं, या यह बताएं कि लेख आपके लिए कितना उपयोगी रहा।
पाठक टिप्पणियां
सार्वजनिक टिप्पणियां संपादकीय समीक्षा के बाद दिखाई जाती हैं।