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एच-1बी वीजा का 60-दिन नियम: प्रस्तावित बदलाव भारतीय पेशेवरों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है

नौकरी छूटने के बाद मिलने वाली अवधि हटाने का प्रस्ताव अभी अंतिम नियम नहीं है, लेकिन इसका असर प्रवासी श्रमिकों और अमेरिकी तकनीकी उद्योग दोनों पर पड़ सकता है।

अमेरिकी वीजा का प्रतिनिधि दृश्य
विकिमीडिया कॉमन्स / प्रतिनिधि दृश्य

अमेरिका में प्रस्ताव आया है कि एच-1बी सहित कुछ कार्य वीजा धारकों को नौकरी समाप्त होने के बाद मिलने वाली 60-दिन की अतिरिक्त अवधि हटाई जाए।

वर्तमान व्यवस्था में यह समय नया नियोक्ता खोजने, वीजा स्थिति बदलने या अमेरिका से प्रस्थान की तैयारी के लिए उपयोग किया जा सकता है।

भारतीयों पर ज्यादा असर क्यों

एच-1बी कार्यक्रम में भारतीय पेशेवरों की हिस्सेदारी बहुत बड़ी है, विशेष रूप से सूचना प्रौद्योगिकी और इंजीनियरिंग क्षेत्रों में।

यदि अतिरिक्त अवधि समाप्त होती है तो अचानक नौकरी जाने की स्थिति में कानूनी स्थिति बनाए रखना कठिन हो सकता है।

यह अभी कानून नहीं बना

प्रस्ताव को सार्वजनिक टिप्पणियों और प्रशासनिक समीक्षा से गुजरना होगा। इसलिए इसे लागू नियम की तरह प्रस्तुत करना सही नहीं है।

व्यापक नीति प्रश्न

यह बहस कुशल प्रवासन, अमेरिकी श्रम बाजार, कंपनियों की प्रतिभा-आवश्यकता और प्रवासी परिवारों की सुरक्षा से जुड़ी है।

परीक्षा में उपयोग

भारत-अमेरिका संबंध, प्रवासी भारतीय, प्रतिभा प्रवाह और सेवा क्षेत्र के प्रश्नों में यह उदाहरण उपयोगी है। उत्तर में यह भी समझाना चाहिए कि वीजा नीति का प्रभाव केवल व्यक्ति पर नहीं, बल्कि कंपनियों और दोनों देशों के आर्थिक संबंधों पर भी पड़ता है।

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