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पर्यावरण और पारिस्थितिकी

हिमालयी हिमनदों का संकट: 200 उच्च-जोखिम झीलें भारत के लिए क्यों चिंता हैं

तेजी से पिघलते हिमनद जल, कृषि, जलविद्युत और आपदा प्रबंधन - चारों पर असर डाल सकते हैं।

अंतरिक्ष से हिमालय पर्वतमाला
विकिमीडिया कॉमन्स / नासा

हिंदूकुश-हिमालय क्षेत्र एशिया की प्रमुख नदी प्रणालियों का जल स्रोत है। नई रिपोर्ट ने चेतावनी दी है कि हिमनद तेजी से द्रव्यमान खो रहे हैं और कई हिमनदीय झीलें अस्थिर होती जा रही हैं।

भारत में लगभग 200 हिमनदीय झीलों को उच्च जोखिम वाली श्रेणी में रखा गया है और इनमें से दर्जनों को अत्यधिक जोखिम वाला माना गया है।

हिमनदीय झील कैसे बनती है

हिमनद पीछे हटते हैं तो उसके सामने पानी जमा होकर झील बना सकता है। कई बार यह झील ढीली चट्टानों और बर्फ से बने प्राकृतिक अवरोध के पीछे रहती है।

यदि यह अवरोध अचानक टूट जाए तो नीचे के क्षेत्रों में तेज बाढ़ आ सकती है। इसे हिमनदीय झील विस्फोट बाढ़ कहा जाता है।

‘पीक वाटर’ क्या है

शुरुआती चरण में हिमनद तेजी से पिघलते हैं तो नदी में जल प्रवाह बढ़ सकता है। लेकिन एक बिंदु के बाद बर्फ का भंडार कम होने से दीर्घकालीन प्रवाह घटने लगता है। इसी अवस्था को ‘पीक वाटर’ कहा जाता है।

भारत पर प्रभाव

हिमालयी नदियां सिंचाई, पेयजल, जलविद्युत और पारिस्थितिकी के लिए महत्वपूर्ण हैं। इसलिए हिमनदों का क्षय केवल पर्यावरण का प्रश्न नहीं, बल्कि जल सुरक्षा और आर्थिक सुरक्षा का भी विषय है।

परीक्षा बिंदु

प्रारंभिक परीक्षा में हिमनदीय झील, हिमनद, नदी बेसिन और आपदा संबंधी शब्दावली पूछी जा सकती है। मुख्य परीक्षा में जलवायु परिवर्तन, आपदा जोखिम न्यूनीकरण और हिमालयी पारिस्थितिकी को जोड़कर उत्तर लिखना उपयोगी होगा।

सिविल सेवा अध्ययन दृष्टि

इस मुद्दे को परीक्षा की दृष्टि से समझें

सामान्य अध्ययन 1सामान्य अध्ययन 3 हिमालयी हिमनद, हिमनदीय झील विस्फोट बाढ़ और जल सुरक्षा प्रारंभिक परीक्षा: High मुख्य परीक्षा: High

संक्षिप्त सार

हिमालयी हिमनदों का क्षय जल सुरक्षा, नदी प्रवाह, जलविद्युत और आपदा जोखिम को प्रभावित कर सकता है। GLOF और ‘पीक वाटर’ परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण अवधारणाएं हैं।

खबर में क्यों

नई रिपोर्ट ने हिमालयी हिमनदों के तेज पिघलने और भारत में लगभग 200 उच्च-जोखिम हिमनदीय झीलों पर चिंता जताई है।

प्रारंभिक परीक्षा के मुख्य तथ्य

  • GLOF का अर्थ Glacial Lake Outburst Flood है।
  • हिमनद पीछे हटने पर moraine-dammed lakes बन सकती हैं।
  • ‘पीक वाटर’ उस चरण को दर्शाता है जिसके बाद glacier-fed flow दीर्घकाल में घट सकता है।

मुख्य शब्द

  • GLOF
  • glacial lake
  • peak water
  • Himalaya
  • climate adaptation

मुख्य परीक्षा के आयाम, चुनौतियां और नीतिगत पक्ष

  • जलवायु परिवर्तन और हिमालयी पारिस्थितिकी
  • GLOF risk mapping और early warning
  • जलविद्युत तथा river-basin planning
  • सीमा-पार नदी सहयोग

भारत के लिए महत्व

भारत को satellite monitoring, glacial-lake inventory, early-warning systems, dam safety और mountain infrastructure planning को integrated framework में मजबूत करना होगा।

ध्यान रखने योग्य बात

हिमनद पिघलने से हमेशा और हमेशा नदी में ज्यादा पानी नहीं रहेगा; long term में flow घट सकता है।

संभावित अभ्यास प्रश्न

हिमालयी हिमनदों के तेज क्षरण का भारत की जल सुरक्षा और आपदा प्रबंधन पर क्या प्रभाव पड़ सकता है? उपयुक्त नीतिगत उपाय सुझाइए।

त्वरित पुनरावृत्ति

  • GLOF का अर्थ Glacial Lake Outburst Flood है।
  • हिमनद पीछे हटने पर moraine-dammed lakes बन सकती हैं।
  • ‘पीक वाटर’ उस चरण को दर्शाता है जिसके बाद glacier-fed flow दीर्घकाल में घट सकता है।
  • जलवायु परिवर्तन और हिमालयी पारिस्थितिकी
  • GLOF risk mapping और early warning
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